जिंदगी तमाशा नहीं...

जिंदगी तमाशा नहीं जिसे देखने को हुजूम आए,
कम लोग हो लेकिन पसंदीदा लोग हो, 
जो हुजूम-ए-आम तक साथ चले।

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